महाराष्ट्र में खाद्य सुरक्षा नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कार्रवाई तेज हो गई है। राज्य के फ़ूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (FDA) ने बड़े पैमाने पर फ़ूड प्रोडक्ट्स जब्त किए हैं। इस कार्रवाई में मुंबई में 564 लीटर दूध नष्ट किया गया। वहीं, पूरे राज्य में करीब 43.56 टन फूड आइटम्स जब्त किए गए। इनमें घी भी शामिल हैं। इनकी कुल कीमत लगभग 1.56 करोड़ रुपये है।
इस कैंपेन का उद्देश्य मिलावटी, घटिया और गलत लेबल वाले फ़ूड प्रोडक्ट्स की पहचान करना था। इसके अलावा, नियमों का उल्लंघन करने वाली दुकानों और कारोबारियों पर भी कार्रवाई की गई।

मुंबई के 7 फूड आउटलेट्स के लाइसेंस निलंबित
महाराष्ट्र FDA ने मुंबई के सात फूड आउटलेट्स के लाइसेंस या रजिस्ट्रेशन सस्पेंड कर दिए हैं। इन जगहों पर स्वच्छता और खाने की क्वालिटी से जुड़ी कई कमियां पाई गई।
इस लिस्ट में लोअर परेल का ‘मुंबई दरबार फैमिली रेस्टोरेंट’ और अंधेरी वेस्ट का ‘ऑटोमन कैफे’ शामिल हैं। जोगेश्वरी वेस्ट का ‘चाचा ईगल कुल्फी फालूदा’ और अंधेरी वेस्ट की ‘भारत कैंटीन’ भी कार्रवाई के दायरे में आए।
इसके अलावा, ओशिवारा का ‘ग्रीन टर्टल हॉस्पिटैलिटी’, भायखला का ‘अतुल टिफिन’ और सेवरी वेस्ट का ‘पी. बी. एंटरप्राइजेज’ भी इस सूची में हैं।
सफाई से लेकर फूड स्टोरेज तक लापरवाही
FDA की जांच में रसोई और ड्रेनेज सिस्टम अस्वच्छ पाए गए। वेज और नॉन-वेज को भी सही तरीके से स्टोर नहीं किया जा रहा था।
कुछ जगहों पर खाने में अनऑथराइज्ड कलर्स का इस्तेमाल हो रहा था। खाना बनाने और परोसने वाले कर्मचारियों के पास जरूरी मेडिकल सर्टिफिकेट भी नहीं थे।
564 लीटर दूध नष्ट करने के पीछे क्या थी वजह?
FDA ने 23 और 24 अक्टूबर को मुंबई के छह इलाकों में दूध बेचने वाली जगहों की टेस्टिंग की। इनमें गोवंडी, मानखुर्द, एंटॉप हिल, चेंबूर, धारावी और माहिम शामिल हैं।
इस दौरान अधिकारियों ने 564 लीटर दूध नष्ट कर दिया। इसमें स्थानीय डेयरियों से जब्त किया गया खुला दूध शामिल था। अधिकारियों ने लैब में जांच के लिए दूध के सैंपल भी लिए।
दूध के रखरखाव और बिक्री पर FDA की सख्ती
इसके अलावा, एंटॉप हिल के ‘सागर मिल्क सेंटर’ में 250 लीटर दूध नष्ट किया गया। इसकी कीमत ₹11,625 थी। यह पाश्चुरीकृत और होमोजेनाइज्ड टोन्ड दूध था।
अधिकारियों के अनुसार, इसे नियमों के खिलाफ प्लास्टिक की थैलियों और डिब्बों में रखा और बेचा जा रहा था।
FDA ने साफ-सफाई के नियमों का उल्लंघन करने और बिना लाइसेंस कारोबार चलाने वाली जगहों पर भी कार्रवाई शुरू की है।
इस अभियान का उद्देश्य दूध की हैंडलिंग, स्टोरेज और सप्लाई में सुधार करना है।
जब्त खाद्य सामग्री की कीमत ₹1.5 करोड़ से ज्यादा
बता दें कि महाराष्ट्र में FDA की कार्रवाई के दौरान अलग-अलग डिवीजनों में बड़ी मात्रा में फ़ूड आइटम्स जब्त किए गए। इसकी कुल कीमत ₹1.5 करोड़ से ज्यादा है।
कोंकण डिवीजन में 9.99 टन खाद्य सामग्री जब्त की गई। इसकी कीमत ₹53.55 लाख है। छत्रपति संभाजीनगर डिवीजन में 26.84 टन सामग्री जब्त हुई। इसकी कीमत ₹64 लाख बताई गई है।
पुणे में अधिकारियों ने 2.11 टन खाद्य सामग्री जब्त की। इसकी कीमत ₹7.93 लाख है। नासिक डिवीजन में 4,069 किलोग्राम खाद्य सामग्री और 62.2 लीटर घी जब्त किया गया।
इनकी कुल कीमत ₹8.25 लाख है। वहीं, नागपुर में 883.3 किलोग्राम तेल जब्त हुआ। इसकी कीमत ₹1.77 लाख है।
इसके अलावा, FDA ने बैन किए गए फूड आइटम्स भी जब्त किए। फिलहाल, पुणे में इसकी कीमत ₹19.56 लाख, मुंबई में ₹4.22 लाख और नासिक में ₹19,090 रही।
ग्राहकों को भी बरतनी होगी सावधानी
FDA की यह कार्रवाई साफ-सफाई, सही स्टोरेज और फूड सेफ्टी नियमों के पालन की अहमियत बताती है। लोगों को दूध और जल्दी खराब होने वाले अन्य उत्पाद भरोसेमंद दुकानों से ही खरीदने चाहिए।
पैकेज्ड सामान लेते समय उसकी पैकेजिंग, स्टोरेज की स्थिति और एक्सपायरी डेट भी चेक करनी चाहिए।
FDA ने स्पष्ट किया है कि नियमों का उल्लंघन करने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
60-Words Summary:
महाराष्ट्र FDA ने राज्यभर में खाद्य सुरक्षा नियमों के उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई की है। अभियान के दौरान करीब ₹1.56 करोड़ के खाद्य उत्पाद जब्त किए गए। मुंबई में 564 लीटर दूध भी नष्ट किया गया। नियमों का पालन न करने पर लाइसेंस ससपेंड कर दिए गए। जांच में मिलावट और गलत लेबलिंग जैसे मामले सामने आए। आगे भी सख्त कार्रवाई हो सकती है।
