पिछले कई सालों से, इंडियन रिमोट वर्कर्स बाली के शानदार सनसेट और थाईलैंड के बीच कैफे का लुत्फ़ उठा रहे थे। हालांकि स्पेन अब रिमोट वर्कर्स के लिए सबसे पसंदीदा डेस्टिनेशन बनता जा रहा है।

भारतीय रिमोट वर्कर्स के लिए स्पेन का Nomad Visa
स्पेन ने भारतीय रिमोट वर्कर्स के लिए डिजिटल नोमैड वीज़ा (Nomad Visa) शुरू किया है। इस वीज़ा से उन्हें यूरोप में काफी समय तक रहने का मौका मिलेगा। यह सुविधा खास तौर पर अच्छी इनकम वाले भारतीय प्रोफेशनल्स के लिए है। ऐसे में अब वह कई सालों तक यूरोप में कानूनी रूप से रहकर काम कर सकते हैं।
यह कदम दिखाता है कि यूरोपीय देश रिमोट वर्क को तेजी से अपना रहे हैं। सरकारी पॉलिसी में भी बदलाव नजर आ रहा है। इस फैसले का ऐलान सही समय पर हुआ है। खासतौर पर, रिमोट प्रोफेशनल्स अब शॉर्ट-टर्म टूरिस्ट वीज़ा की बजाय लॉन्ग टर्म वीज़ा ऑप्शन ढूंढ रहे हैं।
डिजिटल नोमैड वीज़ा से यूरोप में नौकरी
डिजिटल नोमैड वीज़ा उन लोगों के लिए है। जो स्पेन के बाहर की कंपनियों या क्लाइंट्स के लिए ऑनलाइन काम करते हैं और पैसे कमाते हैं। इस वीज़ा से एप्लीकेंट्स स्पेन में रहते हुए भी काम कर सकते हैं। चाहे वह भारतीय एम्प्लॉयर्स के लिए हो, इंटरनेशनल क्लाइंट्स के लिए या अपने रिमोट बिज़नेस के लिए। टूरिस्ट वीज़ा की तुलना में, यह परमिट लंबे समय तक मान्य रहता है। इसकी वैलिडिटी पांच साल है।
भारतीय रिमोट वर्कर्स के लिए वीज़ा गाइड
स्पेन का डिजिटल नोमैड वीज़ा हर रिमोट वर्कर का सपना है। लेकिन इसके लिए नियम आसान नहीं हैं। एलिजिबिलिटी का स्टैंडर्ड काफी हाई रखा गया है। इसके तहत, सिंगल एप्लीकेंट्स को एनुअल 30 लाख रुपये से ज्यादा कमाई दिखानी होगी। वही कपल्स के लिए यह लिमिट 40 लाख रुपये है। हालांकि सिर्फ इनकम ही काफी नहीं है। एप्लीकेंट्स के पास कम से कम तीन साल का प्रोफेशनल एक्सपीरियंस होना चाहिए। साथ ही, उन्हें दिखाना होगा कि वे कम से कम तीन महीने पहले से रिमोट काम कर रहे हैं।
बता दें कि यह वीज़ा कंसल्टेंट, टेक्नोलॉजी स्पेशलिस्ट, फ्रीलांसर और स्टार्ट-अप फाउंडर के लिए है। साथ ही, ऐसे प्रोफेशनल्स भी अप्लाई कर सकते हैं जिनका काम पूरी तरह ऑनलाइन किया जा सकता है। एप्लीकेंट्स स्पेन में नौकरी नहीं कर सकते। कमाई विदेश से होनी चाहिए।
वीज़ा के लिए किन डॉक्यूमेंट्स की जरूरत है?
डिजिटल नोमैड वीज़ा के लिए कई डॉक्यूमेंट्स चाहिए। इनमें नौकरी का लेटर या क्लाइंट कॉन्ट्रैक्ट से इनकम का प्रूफ शामिल है। साथ ही, पिछले तीन महीनों के बैंक स्टेटमेंट, स्पेन में रहने का प्रूफ और भारत से पुलिस क्लीयरेंस सर्टिफिकेट चाहिए। इसके अलावा, इंटरनेशनल हेल्थ इंश्योरेंस और एकेडमिक या प्रोफेशनल एक्सपीरियंस का प्रूफ भी जरूरी है। यह सभी एप्लीकेशन भारत में स्पेनिश एंबेसी के जरिए सबमिट किए जाते हैं।
प्रोसेसिंग टाइम और फैमिली परमिट
वही खर्च फीस की बात करें तो वीज़ा एप्लीकेशन प्रोसेस में लगभग 8,000 रुपये है। कुल खर्च में लगभग 1 लाख रुपये तक बढ़ सकता है। प्रोसेसिंग में आमतौर पर 30 दिन लगते हैं। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि यह वीज़ा, पति/पत्नी और बच्चों को डिपेंडेंट परमिट पर लाने की भी अनुमति देता है। जैसे-जैसे डिजिटल टैलेंट के लिए नियम आसान होते जा रहे हैं। स्पेन भारतीय रिमोट प्रोफेशनल्स के लिए फेवरेट डेस्टिनेशन के रूप में सामने आ रहा है।
Summary:
स्पेन ने डिजिटल नोमैड वीज़ा लॉन्च किया है। अब अच्छी इनकम वाले भारतीय प्रोफेशनल पांच साल तक यूरोप में कानूनी तौर पर रह सकते हैं। यह वीजा उन रिमोट वर्कर्स के लिए है। जो अपनी कमाई स्पेन के बाहर से करते हैं। इसके लिए मजबूत इनकम प्रूफ, एक्सपीरियंस और डॉक्यूमेंट्स जरूरी हैं। साथ ही, एप्लीकेंट्स अपने परिवार को डिपेंडेंट वीज़ा पर ला सकते हैं।
