पुणे में एक बड़ी और खास सड़क योजना अब नए पड़ाव पर पहुंच गई है। यह वही पाताल लोक रोड प्रोजेक्ट है। जिसकी लंबे समय से चर्चा हो रही है। इस प्रोजेक्ट की बात की जाए तो इसे पुणे येरवडा-कटराज टनल (Pune Yerwada-Katraj Tunnel) कॉरिडोर कहा जाता है। इसके तहत शहर के नीचे 54km लंबी सड़क बनाई जा रही है।
इसका लक्ष्य लोगों का सफर आसान बनाना है। इससे सड़कों पर ट्रैफिक की समस्या कम होगी। साथ ही, शहर और आसपास के इलाके बेहतर तरीके से जुड़ सकेंगे। बेहतर कनेक्टिविटी से लोगों का समय भी बचेगा।

Paatal Lok Project : पुणे का मेगा अंडरग्राउंड प्लान
पुणे में ट्रैफिक की समस्या को कम करने के लिए एक बड़ा इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट तैयार किया जा रहा है। इसे पाताल लोक रोड नेटवर्क नाम दिया गया है। यह एक अंडरग्राउंड एक्सप्रेसवे सिस्टम होगा। यह येरवडा और कटराज को टनल और अंडरग्राउंड रोड के ज़रिए जोड़ेगा। इस प्रोजेक्ट के जरिए लंबी दूरी और थ्रू ट्रैफिक को शहर की सरफेस रोड से अलग करना है। इससे शहर के ट्रैफिक जाम में कमी आने की उम्मीद है।
पाताल लोक प्रोजेक्ट की खास बातें
बता दें की इस प्रोजेक्ट में कई अहम हिस्से शामिल हैं। सबसे प्रमुख है लगभग 54 किलोमीटर लंबा हाई-कैपेसिटी अंडरग्राउंड कॉरिडोर। यह कॉरिडोर शहर के भीतर फ़ास्ट और सीमलेस ट्रेवल के लिए बनाया जा रहा है। ‘येरवडा-कटराज टनल’, इस प्रोजेक्ट का एक खास फीचर होगा। इसके अलावा, सपोर्टिंग एक्सेस रैंप, इंटरचेंज और अर्बन लिंक रोड भी बनाए जाएंगे।
पुणे के लिए क्यों ज़रूरी है यह प्रोजेक्ट?
पिछले कुछ सालों में पुणे के रोड नेटवर्क पर दबाव लगातार बढ़ रहा है। गाड़ियों की संख्या भी बढ़ रही है। लेकिन सड़क विस्तार के लिए जगह सीमित है। जिसके चलते उत्तर और दक्षिण पुणे के बीच रोजाना भारी ट्रैफिक जाम लगता है। इससे ट्रैवल टाइम बढ़ रहा है। प्रोडक्टिविटी भी प्रभावित हो रही है। ऐसे में इस अंडरग्राउंड कॉरिडोर से कई बदलाव आएंगे। जैसे-
– इससे शहर के प्रमुख इलाकों के बीच यात्रा का समय कम होगा।
– लंबी दूरी और लोकल ट्रैफिक को अलग करने में मदद मिलेगी।
– सोलापुर रोड और मुंबई-बेंगलुरु हाईवे से जुड़ी सड़कों पर भीड़ कम होगी।
– रुक-रुक कर चलने वाले ट्रैफिक में कमी आएगी। इससे एयर क्वालिटी भी बेहतर हो सकती है।
₹8,800 करोड़ का मेगा इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट
पाताल लोक नेटवर्क की एस्टिमेटेड कॉस्ट लगभग ₹8,800 करोड़ है। यह पुणे के सबसे बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टर्स में से एक माना जा रहा है। लेकिन इसकी राह आसान नहीं होगी। इसमें बड़े पैमाने पर टनल कि खुदाई करनी होगी। इसके अलावा, मौजूदा मेट्रो और पाइपलाइन के बीच तालमेल बिठाना बड़ी चुनौती है।
येरवडा-कटराज सुरंग को इस प्रोजेक्ट का सबसे कठिन हिस्सा बताया जा रहा है। ऐसे में यहां वर्ल्ड क्लास वेंटिलेशन सिस्टम लगाए जाएंगे। साथ ही, यात्रियों की सुरक्षा के लिए एडवांस्ड सेफ्टी फीचर्स भी शामिल होंगे।
ये हैं पाताल लोक कॉरिडोर के खास फायदे
‘पाताल लोक’ कॉरिडोर शुरू होते ही पुणे को कई फायदे मिलेंगे। यह प्रोजेक्ट शहर के लिए एक ‘गेम-चेंजर’ साबित होगा। नार्थ से साउथ की दूरी अब मिनटों में तय होगी। सड़कों पर ट्रैफिक जाम की समस्या खत्म हो जाएगी। वही आवाजाही अब पहले से कहीं ज्यादा आसान होगी। तेज कनेक्टिविटी के चलते शहर की अर्थव्यवस्था को बूस्ट मिलेगा। इसका सीधा फायदा जॉब्स और बिजनेस पर भी पड़ेगा।
कब तैयार होगा पाताल लोक प्रोजेक्ट?
जैसे-जैसे रिव्यू का समय नजदीक आ रहा है। सबकी निगाहें अब ‘पाताल लोक’ प्रोजेक्ट पर टिकी हैं। शहर के प्लानर्स और इंजीनियर सहित सभी स्टेकहोल्डर्स इसे लेकर काफी उत्साहित हैं। यहां तक कि लोकल रेजिडेंट्स भी इस बदलाव का इंतजार कर रहे हैं। भविष्य में यह नया इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट पुणे का गौरव साबित होगा।
अगर प्रोजेक्ट समय पर पूरा होता है, तो पाताल लोक अंडरग्राउंड रोड नेटवर्क (Paatal Lok Underground Road) देश की सबसे बड़ी शहरी एक्सप्रेसवे में शामिल होगा।
Summary:
पुणे में पाताल लोक अंडरग्राउंड रोड नेटवर्क तैयार हो रहा है। ‘येरवडा-कटराज टनल’ इस प्रोजेक्ट का मुख्य आकर्षण है। इसका लक्ष्य शहर के ट्रैफिक जाम को केएमकरना है। यह प्रोजेक्ट पुणे को वैश्विक पहचान दिलाएगा। इस मेगा प्रोजेक्ट का बजट लगभग ₹8,800 करोड़ बताया जा रहा है। ये पाताल लोक प्रोजेक्ट पुणे को वर्ल्ड क्लास सिटी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
