सेंट्रल कंज्यूमर प्रोटेक्शन अथॉरिटी (CCPA) ने मुंबई की चाइना गेट रेस्टोरेंट प्राइवेट लिमिटेड पर जुर्माना लगाया है। यह रेस्टोरेंट बोरा-बोरा रेस्टोरेंट चेन (Bora Bora restaurant chain) चलाती है। बता दें कि CCPA ने रेस्टोरेंट पर 50,000 रुपये का जुर्माना लगाया। इसका कारण था ग्राहकों से सर्विस चार्ज वसूलना। जांच में पाया गया कि बिल में अपने आप सर्विस चार्ज ऐड कर, कंज्यूमर प्रोटेक्शन गाइडलाइंस का उल्लंघन किया गया था।

डिफ़ॉल्ट सर्विस चार्ज पर CCPA की सख्ती
दरअसल, 29 दिसंबर के एक आर्डर में CCPA ने रेस्टोरेंट प्रक्रिया पर सवाल उठाए। जांच में पाया गया कि रेस्टोरेंट बिल में डिफ़ॉल्ट तौर पर 10 % सर्विस चार्ज जोड़ रहा था। इतना ही नहीं, इस सर्विस चार्ज पर GST भी वसूला जा रहा था। CCPA ने साफ किया कि यह नियमों के खिलाफ है। इन नियमों के अनुसार, सर्विस चार्ज पूरी तरह वॉलंटरी होता है। इसे बिना कस्टमर अप्रूवल के बिल में नहीं जोड़ा जा सकता।
यह कार्रवाई नेशनल कंज्यूमर हेल्पलाइन पर दर्ज शिकायत के बाद की गई। मुंबई के एक कंज्यूमर ने आरोप लगाया कि रिक्वेस्ट करने के बावजूद सर्विस चार्ज हटाने से मना कर दिया गया। शिकायत में स्टाफ के गलत व्यवहार की बात भी कही गई है।
सर्विस चार्ज पर हाई कोर्ट की स्पष्ट चेतावनी
CCPA ने दिल्ली हाई कोर्ट के एक अहम फैसले का हवाला दिया। यह फैसला 28 मार्च 2025 को नेशनल रेस्टोरेंट एसोसिएशन ऑफ इंडिया बनाम यूनियन ऑफ इंडिया मामले में सामने आया। कोर्ट ने साफ कहा था कि मैनडेटरी सर्विस चार्ज इल्लीगल हैं। इसके बावजूद, रेस्टोरेंट ने सर्विस चार्ज वसूलते है। जांच में सामने आया कि कुछ बिलिंग सॉफ्टवेयर के जरिए, यह सर्विस चार्ज अपने आप ऐड हो जाता था।
CCPA ऑर्डर के बावजूद सर्विस चार्ज जारी
CCPA के डायरेक्टर जनरल की डिटेल्ड रिपोर्ट में कई गड़बड़ियां सामने आई। इन्वेस्टिगेशन के अनुसार, 28 मार्च से 30 अप्रैल 2025 के बीच सभी बिलों पर सर्विस चार्ज अपने आप ऐड हो गया। जिससे यह साफ हो गया कि यह चार्ज ऑप्शनल नहीं था। जांच में यह भी पाया गया कि रेस्टोरेंट ने कई नोटिस मिलने के बावजूद ग्राहकों की शिकायतों पर ध्यान नहीं दिया। इसके अलावा, रेस्टोरेंट का ईमेल एड्रेस काम नहीं कर रहा था। जिससे शिकायत दर्ज करना और भी मुश्किल हो गया।
कम्प्लायंस साबित नहीं कर पाया रेस्टोरेंट
इस मामले में, रेस्टोरेंट ने दावा किया कि सर्विस चार्ज ग्राहकों की मर्ज़ी से लिया गया था। उनका कहना है कि कोर्ट का फैसला सामने आने के बाद यह चार्ज बंद कर दिया गया। हालांकि, CCPA ने इस क्लेम को रिजेक्ट कर दिया।
यह कंपनी पूरे मुंबई में कई आउटलेट चलाती है। ऐसे में CCPA का कहना है कि इस तरीके से कई ग्राहक प्रभावित हो सकते हैं। अथॉरिटी ने रेस्टोरेंट को बिलिंग सॉफ्टवेयर बदलने का भी निर्देश दिया। साथ ही, यह सुनिश्चित करने को कहा गया कि कंप्लेंट चैनल हमेशा चालू रहें। रेस्टोरेंट को 15 दिन के अंदर कम्प्लायंस रिपोर्ट जमा करनी होगी।
Summary:
CCPA ने बोरा बोरा रेस्टोरेंट पर 50,000 रुपये का जुर्माना लगाया। रेस्टोरेंट ने कस्टमर बिल में गैर-कानूनी सर्विस चार्ज और GST ऐड किया। जो दिल्ली हाई कोर्ट के फैसले और गाइडलाइंस के खिलाफ था। जांच में डिफ़ॉल्ट चार्ज, खराब शिकायत हैंडलिंग और रिफंड में देरी सामने आई। CCPA ने रेस्टोरेंट को बिलिंग सिस्टम सुधारने और कम्प्लेन चैनल एक्टिव रखने के निर्देश दिए।
