इंडियन रेलवे वंदे भारत ट्रेनों में स्लीपर कोच जोड़ने जा रही है। इस बीच, हावड़ा-गुवाहाटी (Howrah and Guwahati) के बीच नई वंदे भारत स्लीपर ट्रेन शुरू होगी। यह ट्रेन उत्तर-पूर्व के सबसे बिजी रेल रूट पर दौड़ेगी। इससे यात्रियों के समय में काफी बचत होगी। यह नेक्स्ट-जेनरेशन ट्रेन पहले से कहीं ज्यादा फ़ास्ट और कम्फर्टेबल होगी। इतना ही नहीं, यह ट्रेन विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस होगी।

दो शहरों के बीच सुपरफास्ट कनेक्टिविटी
बता दें कि यह ट्रेन (Howrah–Guwahati Vande Bharat) पश्चिम बंगाल और असम के प्रमुख शहरों को जोड़ेगी। खास बात तो यह है कि लगभग 966 किलोमीटर के सफर में करीब तीन घंटे की बचत होगी। यह ट्रेन दूसरी ट्रेनों से ज्यादा तेज होगी। इससे पूर्वी और उत्तर-पूर्वी भारत के बीच सफर आसान बनेगा।
क्या होगा ट्रेन शेड्यूल और फ़्रीक्वेंसी?
वंदे भारत स्लीपर ट्रेन अपने एडवांस्ड डिज़ाइन और फीचर्स के साथ लगभग 1,000 किलोमीटर का सफर तय करेगी। पुराने मॉडल की तुलना में यह ट्रेन समय में काफी कटौती करेगी। माना जा रहा है कि शेड्यूल में करीब तीन घंटे की कमी आएगी। यह नया ऑप्शन डेली कम्यूटर्स और टूरिस्ट दोनों के लिए फायदेमंद होगा। अब बिज़नेस ट्रिप पर जाने वालों को भी एक्सप्रेस ट्रेन सर्विस का फायदा मिलेगा।
रेलवे अधिकारी जल्द ही इसके वीकली ऑपरेशन की जानकारी साझा करेंगे। ट्रेन का डिपार्चर टाइम फाइनल होना बाकी है। लॉन्च की तारीख तय होते ही पूरा टाइम-टेबल जारी कर दिया जाएगा।
ऐसा होगा नया रेल इंफ्रास्ट्रक्चर
नई ट्रेन के साथ ही हावड़ा–गुवाहाटी रूट पर रेल ट्रैक को अपग्रेड किया जा रहा है। इन अपग्रेड्स में शामिल हैं-
– ट्रैक इम्प्रूवमेंट
– सिग्नलिंग सुधार
– नए स्टेशन
अब आरामदायक होगा गुवाहाटी का सफर
हावड़ा-गुवाहाटी वंदे भारत स्लीपर ट्रेन (Howrah-Guwahati Vande Bharat Sleeper train) भारतीय रेलवे की नई पहल है। इसका उद्देश्य लंबी दूरी की यात्रा को आरामदायक बनाना है। साथ ही, पूर्वोत्तर राज्यों से कनेक्टिविटी मजबूत होगी। ट्रेन अपने अंतिम स्टेशन पर जल्दी पहुंचेगी। पर्यटन को फायदा होगा। राज्यों के बीच बिजनेस और आर्थिक सहयोग बढ़ेगा।
Summary:
भारतीय रेलवे हावड़ा-गुवाहाटी रूट पर नई वंदे भारत स्लीपर ट्रेन शुरू कर रहा है। यह ट्रेन मॉडर्न फीचर्स और सुपरफास्ट कनेक्टिविटी से लैस होगी। सफर में करीब तीन घंटे की बचत होगी। यह पहल टूरिज्म और बिजनेस को बढ़ावा देगी। बेहतर सिग्नलिंग और ट्रैक अपग्रेड से कनेक्टिविटी मजबूत होगी। यात्रियों को अब वर्ल्ड क्लास सफर का अनुभव मिलेगा।
